आज के व्यापार सत्र में एक निम्न-वोल्टेज केबल निर्माता में शानदार उछाल देखने को मिला, क्योंकि कंपनी को मिला BIS लाइसेंस अब इसे बड़े सरकारी निविदाओं की दौड़ में सीधे शामिल कर देता है। क्या यह स्वीकृति कंपनी के लिए खेल-परिवर्तक साबित हो सकती है?

स्टॉक का रुख कैसा है?
Prime Cable Industries Ltd का शेयर आज एनएसई पर ₹101.5 पर कारोबार कर रहा था, लगभग 2.5% ऊपर, और कंपनी का बाज़ार मूल्य ₹186 करोड़ तक पहुंच चुका है। धारणा में तेजी का मुख्य कारण है – नया BIS लाइसेंस, जिसे लेकर बाज़ार में मजबूत आशावाद देखा गया।
क्या है खबर
कंपनी को भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) का लाइसेंस प्राप्त हुआ है उच्च-चालकता एल्युमिनियम मिश्र धातु मानक संचालक (conductors) बनाने के लिए, जो ऊपर-से-ऊपर जाने वाली विद्युत प्रसारण लाइनों में उपयोग किए जाते हैं।
यह स्वीकृति संचालक आकारों को 774 वर्ग मि.मी. तक कवर करती है और कंपनी की Ghiloth, Neemrana (Alwar, Rajasthan) इकाई को मान्यता प्रदान करती है। लाइसेंस 27 नवम्बर 2026 तक वैध है।
यह लाइसेंस Prime Cable को उन उच्च-मूल्य वाली निविदाओं में पात्र बनाता है, जहाँ BIS अनुपालन अनिवार्य होता है, यानी सरकारी एवं उपयोगिता क्षेत्रों के बड़े अनुबंध अब कंपनी की पहुंच में हैं।
क्यों है यह स्वीकृति इतनी बड़ी बात?
क्योंकि BIS प्रमाणन मिलने का मतलब है:
• उत्पाद की विश्वसनीयता की सरकारी गारंटी
• बेहतर मूल्य निर्धारण क्षमता
• बड़ा निविदा पात्रता दायरा
• दीर्घकालिक ऑर्डर की स्पष्टता
यानी अब कंपनी बड़े EPC खिलाड़ी, राज्य विद्युत बोर्ड (SEBs) और पीएसयू की पसंदीदा विक्रेता सूची में जगह बना सकती है।
वित्तीय प्रदर्शन
H1 FY26 में कंपनी का राजस्व 62% वार्षिक वृद्धि के साथ ₹91 करोड़ पहुँच गया, जबकि शुद्ध लाभ 150% बढ़कर ₹5 करोड़ हो गया। यह मार्जिन सुधार और परिचालन निष्पादन दोनों में तेज़ बदलाव दिखाता है।
राजस्व संरचना
| खंड | राजस्व (H1 FY26) | योगदान |
|---|---|---|
| नियंत्रण केबल | ₹43 करोड़ | 47.3% |
| पावर केबल | ₹24.4 करोड़ | 27% |
| एरियल बंच केबल | ₹14.6 करोड़ | 16% |
| इंस्ट्रूमेंटेशन केबल | ₹1.09 करोड़ | 1.2% |
| भवन वायर एवं संचालक | ₹3.12 करोड़ | 3.5% |
| अन्य | ₹4.5 करोड़ | 5% |
नियंत्रण और पावर केबल खंड मिलकर लगभग 74% राजस्व बनाते हैं, जो दिखाता है कि कंपनी का मुख्य व्यवसाय अत्यधिक मांग वाले क्षेत्र में है।
क्षमता एवं ऑर्डर बुक
• वार्षिक केबल क्षमता: 27,000 किमी
• वायर क्षमता: 10,000 किमी
• अपेक्षित उपयोग FY26: 55% (केबल) और 70% (वायर)
• लंबित ऑर्डर बुक: ₹106 करोड़
• विक्रेता स्वीकृति: 15 राज्यों में संचालन
कम उपयोग का सरल मतलब, जैसे-जैसे ऑर्डर बढ़ेंगे, संचालन कुशलता से लाभ मार्जिन और तेज़ी से ऊपर जाएगा।
कंपनी अवलोकन
Prime Cable Industries Ltd एक स्थापित भारतीय निर्माता है जो निम्न-वोल्टेज केबल, एरियल बंच केबल, नियंत्रण केबल, इंस्ट्रूमेंटेशन वायर एवं संचालक बनाती है।
इसके ग्राहक शामिल हैं:
• राज्य विद्युत बोर्ड
• सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम
• EPC ठेकेदार
• तेल एवं गैस, खनन, इस्पात, रियल एस्टेट कंपनियाँ
यह इसे भारत के महत्वपूर्ण अवसंरचना तंत्र का प्रमुख आपूर्तिकर्ता बनाता है।
क्या Prime Cable स्थिर विकल्प है?
BIS लाइसेंस + बढ़ती ऑर्डर बुक + तेज़ राजस्व वृद्धि + राष्ट्रीय विक्रेता स्वीकृति, ये सभी संकेत बताते हैं कि कंपनी उच्च-मांग चक्र में प्रवेश कर चुकी है। क्या आपको लगता है कि Prime Cable आने वाले 12 महीनों में अपनी क्षमता उपयोग को दो-अंकीय वृद्धि में बदल पाएगी?
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